Skip to main content

LAVA ने लॉन्च किए सबसे सस्ते 4G स्मार्टफ़ोन कीमत बेहद कम

लावा ने भारत में दो बजट स्मार्टफोन LAVA A50 और A55 लॉन्च कर दिए हैं। इस स्मार्ट फ़ोन की कीमत क्रमशः 3,999 रूपए और 4,399 रूपए हैं।

LAVA A50



LAVA A55 

Comments

Popular posts from this blog

एक सच्ची लव स्टोरी जो दिल छू जाए

एक मिडिल क्लास लड़की के ख्वाबों का राजकुमार सफेद घोड़े में चढ़कर नहीं आता है, वो तो बस यूँ हीं गलियों में मिल जाता है. मैं एक अनाथ लड़की थी, अनाथालय में पली-बढ़ी थी. 10 वीं के बाद से हीं प...

एशिया की सबसे बड़ी लाइब्रेरी : रजा लाइब्रेरी।।Ashia's Biggest library :Rampur Raza library

हैलो दोस्तों,    आज मैं बात कर रहा हूँ उस लाइब्रेरी की जो एशिया की सबसे बड़ी और सबसे सुंदर  लाइब्रेरी है। जी हां रामपुर रज़ा लाइब्रेरी जो उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले में स्थित है। यह लाइब्रेरी केवल लाइब्रेरी ही नही बल्कि एक म्यूजीयम है। मैं यह बात इसलिए बोल रहा हूँ कि इस लाइब्रेरी में पुस्तको के अलावा हज़ारो तरह के हथियार एवं प्राचीन शिल्प कला से सुसज्जित मूर्तियां रखी हुई है। लाइब्रेरी में स्थित स्तम्भ इसकी खूबसूरती में चार चांद लगते है, एवं लाइब्रेरी के बाहर सूंदर झील इसे और भी खूबसूरत बनाती है। यह लाइब्रेरी उत्तर प्रदेश की प्राचीन विरासतों में सुमार है,तथा यदि सुंदरता की बात की जाए तो यह किसी दर्शनीय स्थल से कम नही है , लाइब्रेरी में रखी हुई ज्यादातर पुस्तके उर्दू और अरबी भाषा मे लिखी गई है , लाइब्रेरी को देखने के लिए भारत के कोने कोने से लोग यहां आते है तथा वीडियो शूटिंग भी करते है , यही नही कई बार तो यहां विदेशी भी देखने को मिलते हैं। लाइब्रेरी की सुरक्षा के लिए लाइब्रेरी के चारो ओर गार्ड्स की तैनाती रहती है , लाइब्रेरी की सफाई के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के वर्कर्स ल...

प्यार का पहला एहसास

---"एक नज़र में भी प्यार होता है"--- --- "देर लगी आने में तुमको शुक्र है फिर भी आये तो" ऑटो में ये गाना उस वक़्त और भी शानदार लगने लगा, जब ऑटो रुकी और एक बेहद खूबसूरत लड़की 'जो शायद जन्नत से भटककर यहाँ चली आई थी' , ऑटो में बैठी । आज राजाजीपुरम से अमीनाबाद तक आधे घंटे का सफ़र रोमांटिक गानों की चपेट में रोमांटिक होता जा रहा था । यूँ ही नज़रों का बार बार टकराना और दिल का सीने को धकेलकर धड़क उठना चलता रहा ... चलता रहा । अब ये ड्राइवर की करामात थी या क़िस्मत की, अब या ड्राइवर जाने या क़िस्मत, पर यहाँ हर गाना मेरे दिल-औ-दिमाग़ को ही पढ़कर बजता रहा । --- "हैं जो इरादे बता दूँ तुमको शर्मा ही जाओगी तुम, धड़कने जो सुना दूँ तुमको घबरा ही जाओगी तुम" शायद हम दोनों का गाने के हर एक बोल पर उतना ही ध्यान था जितना एक दूसरे पर --- और गानें के ये बोल सुनते ही उसका, अपनी तिलिस्मी निगाहों को झुकना और एक हल्की सी मुस्कान .... मेरा दिल का बुरा हाल करने के लिए काफ़ी थी, मानों दिल को सीने के अंदर रखकर मैंने उसके साथ बेमानी कर दी हो और वह ज़ोर ज़ोर से धड़क कर ...